सोनीपत के किसानों के चेहरे पर मुस्कान लाने वाली खबर है क्योंकि इस बार गेहूं की सरकारी खरीद 1 अप्रैल से शुरू होने जा रही है। प्रशासन ने इसके लिए पूरी तैयारी कर ली है ताकि Haryana Farmers को किसी तरह की दिक्कत न हो। नई अनाज मंडी समेत जिले के तीन खरीद केंद्रों पर किसानों की सुविधा का खास ख्याल रखा गया है। पीने का पानी, शौचालय और सफाई की बेहतरीन व्यवस्था की गई है ताकि किसानों को साफ-सुथरे और आरामदायक माहौल में अपनी फसल बेचने का मौका मिले।
इस साल सोनीपत में करीब छह लाख क्विंटल गेहूं आने की उम्मीद है, जिसकी खरीद के लिए दो एजेंसियों को जिम्मेदारी दी गई है। मार्केट कमेटी ने किसानों की हर जरूरत का ध्यान रखा है, यहां तक कि तुलाई, बोरी और परिवहन की व्यवस्था भी पुख्ता कर दी गई है। सबसे बड़ी बात यह है कि किसानों को उनकी मेहनत का पूरा दाम मिले, इसके लिए कृषि विभाग और मार्केट कमेटी के अधिकारियों को खास हिदायतें दी गई हैं।
अब तक किसानों को सबसे बड़ी परेशानी भुगतान में देरी की होती थी, लेकिन इस बार प्रशासन ने ऑनलाइन भुगतान प्रणाली को और मजबूत किया है। मार्केट कमेटी के मुताबिक, किसानों को उनकी फसल का पैसा 48 घंटे के अंदर बैंक खाते में मिल जाएगा। इसके लिए बैंक अधिकारियों के साथ भी बातचीत कर ली गई है। किसानों से भी अपील की गई है कि वे अपना गेहूं अच्छी तरह साफ करके और नमी के मानकों के हिसाब से ही मंडी लाएं, ताकि उन्हें किसी तरह की दिक्कत न हो।
इस बार की खरीद प्रक्रिया में पारदर्शिता पर खास जोर दिया गया है। क्रय केंद्रों पर गेहूं की जांच सख्त मानकों के आधार पर होगी, लेकिन किसानों के हित को सबसे ऊपर रखा जाएगा। Haryana Farmers के लिए यह एक बड़ा मौका है कि वे अपनी मेहनत का सही दाम पाएं और सरकारी योजनाओं का पूरा लाभ उठाएं।
Comments are closed